मूल्य-से-कमाई अनुपात (PE Ratio (Price to Earnings)) क्या है?
कंपनी द्वारा कमाए गए हर ₹1 के मुनाफे के लिए निवेशक बाजार में कितने रुपये देने को तैयार हैं।
1. सरल परिभाषा (Definition in Plain Hindi)
पीई रेशियो (Price to Earnings Ratio) कंपनी के मौजूदा शेयर भाव को उसकी प्रति शेयर आय (EPS) से विभाजित करके निकाला जाता है। यह शेयर के सस्ता या महंगा होने का एक प्रमुख पैमाना है।
2. व्यावहारिक उदाहरण (Worked Example with Numbers)
यदि कंपनी का शेयर भाव ₹200 है और उसका सालाना प्रति शेयर मुनाफा (EPS) ₹10 है, तो PE = 200 / 10 = 20। यदि मुनाफा बढ़कर ₹20 हो जाए और भाव ₹200 रहे, तो PE घटकर 10 हो जाएगा।
निष्कर्ष: 20 का PE दर्शाता है कि कंपनी के ₹1 के शुद्ध मुनाफे के लिए निवेशक ₹20 का भाव दे रहे हैं।
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7. सामान्य प्रश्न और उत्तर (Q&A)
1. ट्रेलिंग PE (Trailing PE) और फॉरवर्ड PE (Forward PE) में क्या फर्क है?
ट्रेलिंग PE पिछले 12 महीनों के वास्तविक मुनाफे पर आधारित होता है, जबकि फॉरवर्ड PE विश्लेषकों द्वारा अगले 12 महीनों के अनुमानित मुनाफे पर निकाला जाता है।
2. एक अच्छा PE रेशियो क्या माना जाता है?
कोई एक आदर्श संख्या नहीं होती। इसकी तुलना हमेशा उसी उद्योग (Sectoral PE) की प्रतिस्पर्धी कंपनियों और उस सेक्टर के ऐतिहासिक औसत से की जानी चाहिए।
8. आगे पढ़ें और गणना करें (संबंधित गाइड व टूल्स)
संबंधित महत्वपूर्ण शब्द (Related Terms)
प्राथमिक संदर्भ स्रोत (Official Sources):
- • Stock Valuation Fundamentals — NSE India (सत्यापित)